नए साल से पहले बर्फ से हसीन हुई उत्तराखंड की वादियां, मसूरी,नैनीताल,औली में बर्फबारी से खिले पर्यटकों के चेहरे

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नए साल के आगमन के लिए अब कुछ ही घंटे बचे है। ऐसे में उत्तराखंड में औली,मसूरी,नैनीताल,केदारनाथ,टिहरी,बदरीनाथ,गंगोत्री,यमुनोत्री,हर्षिल घाटी और धनोल्टी के ऊंचाई वाले इलाकों में रुक-रुककर बर्फबारी होने से नए साल पर उत्तराखंड आने वाले सैलानियों के चेहर खिले उठे हैं,तो कोरोना महामारी की मार झेल रहे उत्तराखंड पर्यटन को नयी ऊर्जा मिली है।

मौसम विभाग के मुताबकि नए साल का स्वागत कड़ाके की ठंड में होगा। जिसके लिए प्रकृति ने उत्तराखंड को बर्फ के तौर पर तोहफा दे दिया है। उत्तराखंड में लगभग हर हिल स्टेशन पर सैलानियों को पहुंचना शुरू हो गया है। जिसके लिए शासन-प्रशासन ने भी पूरी तैयारी कर ली है।  

नए साल की पूर्व संध्या पर पहाड़ों की रानी मसूरी व आसपास के क्षेत्रों में भारी संख्या में पर्यटकों के पहुंचने की संभावना है। जिसमें मसूरी पुलिस के सामने एक बहुत बड़ी चुनौती है। जिसमें मसूरी में अतिरिक्त पुलिस बल की नियुक्ति की गई है। मसूरी कोतवाल देवेंद्र असवाल ने बताया कि नए साल की पूर्व संध्या पर जिस तरह से मसूरी के होटल पूर्ण रूप से पेक है। उस तरह से भारी मात्रा में पर्यटक मसूरी की ओर रुख करेंगे। जिसके लिए पुलिस ने ट्रैफिक प्लान से तैयार कर लिया है। उन्होंने कहा कि ज्यादा पर्यटकों की भीड़ को देखते हुए हमने अतिरिक्त पुलिस फोर्स भी तैयार की है। जहां-जहां पर जाम की स्थिति बन सकती है। वहां पर पुलिस की ज्यादा फोर्स तैनात की जाएगा,और जो विगत वर्षों में ट्रैफिक प्लान था। उसी के आधार पर हमने पुलिस बल लगाए है। पार्किंग के सवाल श्री असवाल ने कहा कि इस समय मसूरी में वाहनों को खड़ा करने के लिए सात पार्किंग चयनित की गई है। जिसमें करीब 800 वाहन पार्क हो पाएंगे।

नैनीताल में भी नए साल के जश्न के लिए पर्यटकों का आगमन शुरू हो गया है। नए साल के आगमन को लेकर यहां के पर्यटन व्यवसाय ने कमर कस ली है। यहां पर पर्यटन गतिविधि से जुड़े लोगों ने पूरी तैयारी की हुई,ताकि पर्यटक यहां की वादियों का लुफ्त के साथ-साथ  एडवेंचर एक्टिविटी में लुफ्त ले सके।

नैनीताल में पैराग्लाइडिंग हॉट एयर बैलून और जिप लाइन का आंनद उठाने लिए पर्यटकों की भीड़ उमड़ने लगी है। वैश्विक महामारी कोरोनावायरस के कारण यहां के व्यापारियों द्वारा कोवीड-19 के नियमों का पालन करते हुए यह एडवेंचर एक्टिविटी कराई जा रही है। ताकि पर्यटकों के साथ-साथ वह भी सुरक्षित रह सके। नए साल पर पर पर्यटकों के बड़ी संख्या में नैनीताल पहुंचने पर यहां के व्यवसायियों के चेहरे खिले हुए है। पल-पल बदलते नैनीताल के मौसम के बीच पर्यटक यहां की वादियों का लुफ्त ले रहे हैं। 

भारत का स्विट्जरलैंड कहे जाने वाले औली में भी पिछले दिनों से रूक-रूक कर बर्फबारी हो रही है। यहां नए साल से पहले ही बड़ी संख्या में पर्यटक पहुंच चुके है। जहां देश-विदेश से पर्यटक पहुंच कर देश के सबसे नये और आधुनिक आइस स्काइंग केंद्र में स्कीइंग का भरपूर मजा ले रहे है। औली पहुंचने वाले पर्यटक नंदा देवी, चौखंभा, हाथी घोड़ा पालकी समेत अन्य पर्वत श्रृंखलाओं पर जमी बर्फ का भी आनंद उठा रहे हैं।

उत्तराखंड मौसम विभाग ने उत्तराखंड आने वाले सैलानियों को चेतवानी दी हैं कि आने वाले दिनों में उत्तराखंड के पहाड़ी जिलों में बर्फबारी और मैदानी जिलों में बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने कहा है कि बर्फबारी की वजह से पहाड़ों में चट्टानें खिसक सकती है और रास्ता जाम हो सकता है। पहाड़ी जिलों के स्थानीय प्रशासन ने सैलानियों को सावधानी बरतने के साथ-साथ अपने साथ पर्याप्त मात्रा में सर्दियों के कपड़े और दवाइयां लाने की सलाह दी है।

कोरोना नियमों का करना होगा पालन 

नए साल के स्वागत के लिए यदि आप उत्तराखंड की वादियों में जा रहे हैं तो आपको पर्यटकों के लिए कोरोना से बचाव के लिए जारी गाइडलाइन का पालन करना अनिवार्य होगा। उत्तराखंड में नववर्ष की पूर्व संध्या (थर्टी फस्र्ट) और नववर्ष पर किसी भी प्रकार के बड़े सामूहिक आयोजनों पर पाबंदी है। इस लिए आपको इसका विशेष ध्यान रखना होगा की आप यदि मसूरी, ऋषिकेश, धनोल्टी, चोपता, औली, चकराता आदि लोकप्रिय पर्यटन स्थलों में पहुंच रहे हैं,तो समूह में ना जाएं।

अपने साथ सैनिटाइजर और मास्क अवश्य लेकर जाए। सरकार के निर्देशों के अनुसार उत्तराखंड के सभी पर्यटक स्थलों पर होटल में सैनिटाइजर व मास्क का इस्तेमाल और शारीरिक दूरी के नियम का पालन किया जा रहा है। इसी के साथ होटल के स्टाफ को भी गाइडलाइन का पालन करने के निर्देश हैं। पुलिस भी नववर्ष पर भीड़ बढऩे को लेकर अलर्ट है। पहाड़ के ऊंचाई वाले मार्गों पर लगातार हो रही बर्फबारी को देखते हुए पुलिस-प्रशासन टीमें तैनात की गई है। जिससे मार्ग बंद होने या किसी प्रकार की अप्रिय घटना होने पर तत्काल कार्रवाई की जा सके।