विश्व पर्यटन पटल पर पौड़ी को मिली नई पहचान,जिलाधिकारी के अथक प्रयासों से नये कैनवास पर चमक रहा है पौड़ी जिला

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जगमोहन ‘आज़ाद

गुरूवार को पौड़ी जिले के कुछ खास रहा। मौका था,देश में सर्वोच्च ऊंचाई पर स्थित कंडोलिया थीम पार्क को जनता को समर्पित करने का,जिसका लोकार्पण उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत, कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल, उच्च शिक्षा मंत्री डॉ धन सिंह रावत, पौड़ी विधायक मुकेश कोली, लैंसडाउन विधायक दलीप रावत, जिला पंचायत अध्यक्ष शांति देवी, नगरपालिका अध्यक्ष यशपाल बेनाम, जिलाध्यक्ष संपत सिंह रावत, गढ़वाल आयुक्त रविनाथ रमन और जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल ने किया।

तालियों की गड़गड़ाहट और रंग बिरंगी रोशनी में नहाये कंडोलिया थीम पार्क को जब पौड़ी की जनता को समर्पित किया गया तो पौड़ी शहर के हर शख्स के चेहरे पर एक अलग चमक थी,खुशी थी की उनके शहर की चर्चा अब विश्व पर्यटन पटल पर होगी कि यह पर्यटन नगरी पौड़ी हैं। जिसके कैनवास पर इतने खूबसूरत रंग बिखरने का श्रेय जाता हैं,जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल को,जिनके अथक प्रयासों से पौड़ी जिला आज नये कैनवास पर चमक रहा है।

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कंडोलिया के थीम पार्क का उद्धघाटन करते हुए सभी को कंडोलिया के थीम पार्क की बधाइयां दी। उन्होंने कहा कि कंडोलिया देश के सर्वोच्च उंचाई वाला थीम पार्क है। पहाड़ की भौगोलिक स्थितियों के अनुरूप बने इस पार्क के माध्यम से हम पर्यटन विकास को आगे बढ़ा सकते हैं। उन्होंने कहा कि अभी तक हमारे राज्य में धार्मिक पर्यटक ही आते हैं लेकिन अब इसे और विस्तार देने का प्रयास किया जा रहा है। पर्यटन विकास के लिए हमने सर्वाधिक रोजगार देने वाले एडवेंचर टूरिज्म में विशेष फोकस किया है। शीतकालीन पर्यटन को प्रदेश में बढ़ावा दिया जायेगा। आने वाले दस बाहर सालों में स्थितियां काफी बेहतर हो जायेंगी।


मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की भवन निर्माण शैली भी कई क्षेत्रों में सबसे आगे है। इसको बढ़ावा देने का भी प्रयास किया जा रहा है। सतपुली में झील निर्माण के अलावा कई योजनाएं पर्यटन विकास को बढ़ावा देंगी। टिहरी झील की तर्ज पर ही आने वाले समय में सतपुली की झील में सी-प्लेन संचालन की भी योजना है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि पौड़ी में एनसीसी अकादमी में कुछ दिक्कतें आई हैं लेकिन जल्द उनका समाधान हो जायेगा। उन्होंने कहा कि पौड़ी बस अड्डे के लिए तीन करोड़ सरकार ने दे दिए हैं। अब यह जल्द पूरा हो जायेगा। उन्होंने कहा कि ग्रोथ सेंटरों का संचालन कर रही महिलाओं के उत्पादों को बाजार मुहैया कराने के मकसद से प्रदेश में 5100 विपणन केंद्र बनाए जा रहे हैं।


पौड़ी जिले को नई पहचाना दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल

उत्तराखंड को सांस्कृतिक,सामाजिक,धार्मिक और पर्यटन पटल में जिन लोक संस्कृति कर्मियों,समाज सेवकों और अधिकारियों ने नई पहचान दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उनमें पौड़ी के जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल का नाम अग्रिम पंक्ति में लिया जाता है।

धीराज सिंह गर्ब्याल पहाड़ के जीवन परिवेश और पहाड़ के जनमानस के साथ खड़े होकर उनके सुख-दुःख,उनके खेत-खहिलानों की माटी से जुड़कर काम करने वाला व्यक्तित्व है। शायद इस लिए भी पौड़ी जिले का हर शख्स उनके वजूद का हिस्सा है। यह इस लिए भी महत्वपूर्ण हैं कि जिलाधिकारी जनता की समस्याओं को अपनी समस्याओं के तौर पर लेकर उनके निवारण के लिए हमेशा प्रतिबद्ध रहते है।

पौड़ी जिले में पलायन रोकने,युवाओं को स्वारोजगार के लिए प्रोत्साहित करने,पर्यटन के क्षेत्र में पौड़ी जिले के कई प्रसिद्ध पर्यटन स्थलों को नया प्रारूप देने और पर्यटकों को पहाड़ की ओर आकर्षित करने,नयार घानी में एडवेंचर टूरिस्म को बढ़ावा देने,उत्तराखंड की लोक संस्कृति और लोक परंपराओं के संरक्षण के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे पौड़ी के जिलाधिकारी ने निश्चित तौर पौड़ी जिले को विश्व मानचित्र में एक नई पहचान दिलाई है।

गढ़वाली पाठ्यक्रम को कक्षा 1 से 5वीं तक के सरकारी स्कूलों में लागू कर पिछले दिनों धीराज सिंह गर्ब्याल ने जो अनूठी मिशाल पेश की थी। उसी का परिणाम हैं कि आज पौड़ी जिले में ही नहीं बल्कि उत्तराखंड के अन्य जिलों में भी अपनी भाषा-बोली को पाठयक्रम में शामिल करने की आवाज़ उठने लगी है।

पौड़ी जिला निश्चित तौर हर दिन जिलाधिकारी धीराज सिंह गर्ब्याल के अथक प्रयासों से नई पहचान बना रहा है। जिसकी एक बानगी पौड़ी में स्थापित कंडोलिया थीम पार्क के रूप में देखने को मिल रही है। कंडोलिया थीम पार्क लगभग ढाई करोड़ की लागत से बनाया गया है। यह थीम पार्क 1750 मीटर के हाई एल्टीट्यूड पर बना है। इस पार्क में राज्य का पहला ओपन एम्फीथियेटर भी है, जो कि अभी से स्थानीय लोगों और पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र बन रहा है।

इस पार्क में सभी आयु वर्ग के लोगों के लिए सभी सुविधाएं मुहैया कराई गई हैं। यहां पर ओपन थिएटर के साथ-साथ ओपन स्केटिंग रिंक, जिम भी बनाया गया है। इस पार्क का निर्माण बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक की सुविधाओं को ध्यान में रखकर बनाया गया है। पार्क में ओपन एमपी थियेटर, म्यूजिक फांउटेन लाइटिंग सिस्टम, स्केटिंग रिंक, कॉटेज,हट्स है। इसी के साथ गढ़वाल के कोटी बनास शैली से निर्मित रेस्टोरेंट, तालाब, झूला, ओपन जिम आकर्षण का केंद्र है। तो अब आप खूबसूरत पर्यटन स्थलों से भरपूर पौड़ी में आकार  नीलकंठ, नंदादेवी और त्रिशूल पहाड़ियों के खूबसूरत नजारों के साथ कंडोलिया थीम पार्क का आनंद भी ले सकते हैं